Happy Teacher's Day
https://www.facebook.com/2371698903074572/posts/2785748175002974/?sfnsn=wiwspmo&extid=GFVrbyJJdlQpMKHZ&d=n&vh=e
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शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए भारत सरकार का शिक्षा मंत्रालय प्रतिवर्ष देश के सभी राज्यों के शिक्षकों को सम्मानित करता है और यह सम्मान भारत के राष्ट्रपति के हाथों राष्ट्रपति भवन में दिया जाता हैं। शिक्षा के क्षेत्र में यह सबसे बड़ा पुरस्कार है जिसे राष्ट्रपति पुरस्कार के नाम से भी जाना जाता है।
इस वर्ष भी राष्ट्रपति पुरस्कार के लिए बंगाल के 2 शिक्षकों का चयन हुआ है पहला नाम दुर्गापुर के नेपाली पाड़ा हिंदी हाई स्कूल के प्रधानाध्यापक डॉ कलीमूल हक और दूसरा नाम अलीपुरद्वार की मिशा घोषाल का है। इसकी घोषणा 10 दिन पहले ही हो चुकी थी।
कोरोना काल की इस विकट स्थिति में इस वर्ष पुरस्कार वितरण समारोह राष्ट्रपति भवन में नहीं हो पा रहा है। इस वर्ष यह पुरस्कार वर्चुअल कार्यक्रम के तहत जिले के जिला शासक कार्यालय में प्रदान किया गया।
पश्चिम बंगाल तृणमूल माध्यमिक शिक्षक समिति की ओर से डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट श्री राजीव मुखर्जी के नेतृत्व में जिला शासक कार्यालय में जाकर डॉक्टर कलीमूल हक और बंगाल शिक्षा रत्न से सम्मानित काजी निजामुद्दीन को संगठन की ओर से सम्मानित किया गया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई।
इस समारोह में मुख्य रूप से उपस्थित थे राजीव मुखर्जी मुकेश झा मोहम्मद इमरान श्रीकांत दास राजेश पासी जितेंद्र पांडे शुभाशीष मंडल और सुकुमार रोहिदास।
सही गलत में अंतर सिखाया तुमको,
बिना हार माने आगे बढ़ना सिखाया तुमको,
बेशक, माँ बाप ने चलना सिखाया है मगर,
यह शिक्षक ही होते हैं जिन्होंने, अपने पैरों पर खरा होना सिखाया तुमको।
डगमगाती राहों पर संभलना सिखाया तुमको,
अपने फैसले खुद ले सको, इस काबिल बनाया तुमको,
बेशक, माँ बाप ने बोलना सिखाया है मगर,
यह शिक्षक ही होते हैं जिन्होंने, कहाँ क्या बोलना है यह सिखाया तुमको।
दुनिया धोखा देना सिखाती है, इन्होंने भरोसा करना सिखाया तुमको,
रौशन मंज़िल का रास्ता इन्होंने दिखाया तुमको,
बेशक, माँ बाप के सामने बुरा बताते हो इनको मगर,
यह शिक्षक ही होते हैं जिन्होंने, मौत से डरना नहीं बल्कि मौत से लड़ना सिखाया तुमको।
और यह क्या, हाथ बांध दिए तुमने इनके?
हाथ में कलम पकड़ाकर जिन्होंने लिखना सिखाया तुमको,
मगर फिर भी विश्वास है हमें कि तुम कोई गलत काम नहीं करोगे,
क्योंकि ज़िन्दगी के हर पहलु का मतलब, इन्होंने ही सिखाया तुमको।
कोटि कोटि बंदन
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तु ने लिखना पढना सिखाया।
तु ने अच्छे बुरे का भेद बताया।
अक्षरों का ज्ञान देकर मुढता का पद छोड़या।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तु ने ही सदर्माग पर चलना सिखाया।
तु ने ही सद्कर्म करना सीखाया।
ज्ञान का वरदान देकर जीवन में ज्योति जगमगाया।।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।।
कभी डांट कर कभी दुलार कर।
कभी सराहनाकर कभी खेलकर।
अपने आशिर्वाद का वरदान देकर पथ प्रदर्शन किया।।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
तेरे चरणों में गुरुवर मेरा कोटि कोटि बंदन।
गुरु
गुरु जिसने मुझे चलना सिखाया ,
सही गलत शब्दों की पहचान करवाया,
गुरु ने हमें आत्मविश्वास बनाया,
इस दुनिया में एक पहचान दिलवाया,
गुरु ने जात-पात से ऊपर उठकर हम सबको
एक समान बनाया ,
गुरु ने सच के लिए बोलना और सही राह में
चलना सिखाया,
गुरु ने हमारे गुण को निखार कर इस दुनिया में
एक नई पहचान दिलवाई,
गुरु सागर है ज्ञान का भंडार है,
उनके नूर से हर कोई रोशन है,
गुरु हर क्षेत्र में हमें सफल बनाता है,
जीवन में सही मार्ग दिखाता है,
गुरु ही है हर मुश्किल प्रस्थिति से लड़ना सिखाता है,
जिंदगी में जीत की राह दिखाता है,
गुरु ही है जो अंधेरे में भी हाथ पकड़ कर,
रोशनी की ओर ले जाता है ,
गुरु ही है भगवान समान हमारे ,
भविष्य को उज्जवल बनाता है,
गुरु शत-शत प्रणाम l
नेहा भगत
पानागढ़ बुधबुध पूर्व बर्दवान पश्चिम बंगाल
3 सितंबर 1973 चित्तरंजन देशबंधु महाविद्यालय स्थापना दिवस सेई अपोलोखे अ.ज.
चित्तरंजन देशबंधु कॉलेज r 47 tomo बर्थडे सेलिब्रेशन कोरा होलो कॉलेज कैम्पस एक देशबंधु महाविद्यालय त्रिणमूल चतरा परिषद छात्र संघ r pokho ake,
कोरोनम मुहमारी स्थिति ए स्टूडेंट्स आर सोशल डिस्टेंस मेने प्रोग्राम टा पालोन कोरा होय, ओनो बोचोर बोरो कोरे प्रोग्राम पालोन कोरा होटो किंटू आई ईयर चोटो कोरे पलोन कोरा होचे।
Tachara Prakton Rastrapati Pranab Mukherjee 31 अगस्त मृदुर पोर अनार चोबाइट मल्लो डान, सरोधा जानो होय।
सर डेर मोदो थेके मलोडन कोरलेन तीर्थ कुमार मोंडल, अपोस्टिट चिलन सर सिबा प्रसाद मोंडल, तुषार कांति घोष, सुशांत सर। कॉलेज somondhe chatra chatrider uddese bolen Chatra Chatrira riti moto class a asar jonno, thik moto porasona chaliye jaoar jonno ey College ake bohu chatra chatra valo jaigai job peyechen, noun chatra chatrider agiye aste.obe, students hob। कॉलेज एक आसनसोल एक वोर्टी होए लोकल कॉलेज एक ना होए तेर खोव प्रोकास कोरेन,
Tachara College r kichu valo chatra chatri der ke Sombordhona deoa hoy College r jonno valo kaj korar jonno,
उपोषित चीलन सालनपुर ब्लॉक तृणमूल चतरा परिषद के अध्यक्ष मिथुन मोंडल, श्यामल रोउत, सौरभ चौधरी, अमिताव विश्वास, अभि चक्रवर्ती, प्रसेनजीत चटर्जी, संजुक्ता, देबब्रत बोना मोंडल, श्राबनी मजुमदार, जोइता मित्रा, जयंत मित्रा, जयंत मित्रा
कोरोना के बढ़ते संक्रमण को रोकने के लिए बंगाल सरकार की तरफ से हर कोशिश की जा रही है इसका असर गरीब मजदूर जो 1 दिन में कमाते हैं और खाते हैं इन पर पड़ी है जिस तरह से लॉक डॉन की प्रक्रिया बढ़ रही है रोजाना कमाने खाने वालों पर आफत की पहाड़ टूट पड़ी है इसी को मद्देनजर रखते हुए बंगाल सरकार की तरफ से हर राशन कंट्रोल में बंगाल सरकार अनाज मुहैया करवा रही है जो बिल्कुल मुफ्त है मंगलवार हमारे संवाददाता ने रानीगंज के हसीना मोड़ के पास संजीव दे राशन कंट्रोल का जायजा किया लोग राशन लेने के लिए लाइन में खड़े थे लेकिन सबसे बड़ी बात यह कि जो भी लोग राशन लेने के लिए आए थे
उनमें बहुत कम लोग मास्क का पहने हुए थे और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर रहे थे जब हमारे संवाददाता ने राशन कंट्रोल के एक कर्मचारी सुशांतो से पूछा तो वह कह रहे हैं कि लोग नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं
नवंबर माह से शुरू होकर कोरोनावायरस मार्च तक लगभग विश्व के सभी भागों में फैल गया । भारत भी इससे अछूता नहीं रहा, मार्च महीने के 24 तारीख से Lockdown की शुरुआत हुई। सभी अपने घरों में कैद हो गए हवाई जहाज, ट्रेन, बस, बाजार, स्कूल कॉलेज सभी बंद हो गए लोगों की दिनचर्या बदल गई, लॉक डाउन की वजह से मजदूरों को अपने काम से हाथ धोना पड़ा, गरीबों के घर की परेशानियां बढ़ गई खाने के लाले पड़ने लगे।
इसी करोना काल के दूसरे लाॅक डाउन से पश्चिम बंगाल तृणमूल माध्यमिक शिक्षक समिति जो कि एक शिक्षक संगठन है और जिनके डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट श्री राजीव मुखर्जी है, उन्हीं के नेतृत्व में अपने सामाजिक उत्तरदायित्व की शुरुआत की। ममता बनर्जी के आह्वान पर संगठन ने स्कूल के शिक्षकों से 'CM Relief Fund' के लिए चंदा इकट्ठा करना शुरू किया। स्कूल बंद होने के बावजूद 10 दिनों के अंदर 17 लाख रुपया जमा कर एक रिकॉर्ड बनाया। इन 17 लाख रुपयों को संगठन के अभिभावक मार्गदर्शक श्री अशोक रूद्र के हाथों 'CM Relief Fund' में जमा कराया गया।
संगठन के अभिभावक श्री अशोक रुद्र के सलाह पर संगठन में यह निर्णय लिया गया कि हम लोग गरीब जरूरतमंद लोगों को भोजन कराएंगे। इसके लिए घाघर बूड़ी मंदिर प्रांगण को चुना गया, यह भी निर्णय लिया गया कि हर दिन एक स्कूल यूनिट, डेढ़ सौ पैकेट भोजन की व्यवस्था करें। मंदिर प्रांगण में यह कार्यक्रम लगातार 20 दिनों तक चलता रहा उसके बाद 12 दिनों तक लगातार स्टेशन रोड डीआरएम ऑफिस के आसपास में यह कार्यक्रम चला।इस कार्यक्रम में संगठन के शिक्षकों ने जमकर हिस्सा लिया और कार्यक्रम को सफल बनाया। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में बी बी कॉलेज के TMCP इकाई के छात्रों ने भी खूब पसीना बहाया।
हम यहीं नहीं रुके बर्नपुर इलाके के गरीब जरूरतमंद लोगों के बीच 500 पैकेट खाद्य सामग्री का वितरण श्री अशोक रूद्र महाशय के सहयोग से किया गया। बर्नपुर के साथ-साथ आसनसोल, रानीगंज, जमुरिया, कांकसा ब्लॉक में भी खाद्य वितरण सामग्री का कार्यक्रम चला। दुर्गापुर ब्लॉक में खाद्य सामग्री के साथ-साथ बच्चों में खाता कॉपी पेन ड्राइंग बुक सैनिटाइजर मास्क किताबें इत्यादि भी वितरित की गई।
इसी समय कोरोना काल की इस विकट परिस्थिति में रक्त की कमी हो गई तब संगठन ने दो बार रक्तदान शिविर का आयोजन कर 60 यूनिट रक्त इकट्ठा कर ब्लड बैंक में जमा कराया गया। एक रक्तदान शिविर का आयोजन आसनसोल में और दूसरा दुर्गापुर में आयोजित किया गया। कई शिक्षकों ने कोरोना वॉलिंटियर का कार्य किया।
इसी बीच शांति नगर विद्या मंदिर की ओर से बडथल, बुधा ग्राम, दुबे पाड़ा, राम बांध, और शांति नगर में 10 दिवसीय कार्यक्रम की रूपरेखा हमारे संगठन के अभिभावक अशोक दा और दिब्येन्दु साहा ने मिलकर तैयार किया। इस कार्यक्रम में हर जगह 2 दिन बच्चों को कॉपी-पेंसिल कलम-ड्राइंग बुक दिया गया, बच्चों और उनके अभिभावकों को कोरोना काल में कैसे रहा जाता है, बीमारी से बचने के उपाय बताए गए तथा हर दिन 200 बच्चों और उनके अभिभावकों को भोजन का पैकेट वितरित किया गया। बड़थल ग्राम में ही 2 दिन शांति नगर विद्या मंदिर के शिक्षक-शिक्षिकागण वहां जाकर बच्चों को पढ़ायें।
यह कार्यक्रम भी काफी सफल रहा, चारों ओर से बहुत सराहना मिली।
इसी बीच ममता बनर्जी की पुकार पर आम्फान पीड़ितों की सहायता हेतु संगठन आगे आया और चंदा इकट्ठा करना शुरू किया और निर्णय लिया गया कि शिक्षक संगठन का एक दल सुंदरवन इलाके में जाकर वहां खाद्य सामग्री वितरित करके आएगा। इसी तरह हुआ भी, करीब तीन लाख की राहत सामग्री पैकेटिंग करके वहां के लोगों में राजीव मुखर्जी के नेतृत्व में संगठन के शिक्षकगण सुंदरवन इलाके के गाजी खाली और बामनिया इलाके में गए एवं खाद्य सामग्री वितरित करके वापस आए।
उसके बाद कुल्टी ब्लॉक में कम्युनिटी किचन का शुभारंभ किया गया जो लगातार 15 दिनों तक चला, यहां भी संगठन को लोगों से बहुत प्रशंसा मिली।
संगठन को लगा कि अभी और कुछ करना है, बैठे नहीं रहना, इसलिए ये निर्णय लिया गया कि आसनसोल सब डिवीजन के प्रत्येक ब्लॉक में 4 दिन अलग-अलग जगहों में 'Health Awareness And Mask Distribution' का कार्यक्रम किया जाए और हर ब्लॉक में 2000 मास्क वितरित किया जाए। यह कार्यक्रम भी हम लोगों ने सफलतापूर्वक पूरा कर लिया।
राखी पूर्णिमा के दिन ममता बनर्जी के आह्वान पर हाटन रोड बस स्टैंड के पास राखी की जगह लोगों को मुंह पर मास्क बांधा गया। पुलिसकर्मियों और कोरोना योद्धा को गुलाब का फूल और मिठाई का पैकेट देकर संगठन की ओर से सम्मानित किया गया।
जुलाई माह में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक का रिजल्ट का प्रकाशन हुआ, बांग्ला हिंदी और उर्दू माध्यम से जो जिले में अव्वल आए थे उनके घर जाकर संगठन की ओर से उनको सम्मानित किया गया तथा उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई।
तीन-चार महीनों के कामों को देख कर हमारे मंत्री श्री मलय घटक, मेयर श्री जितेंद्र तिवारी जी, विधायक विधान उपाध्याय, विधायक उज्जवल चटर्जी, विधायक तापस बनर्जी और पार्टी के स्टेट सेक्रेटरी शिवदासन दासु दा ने खूब प्रशंसा की। कुल्टी के विधायक उज्जवल चटर्जी और बाराबनी के विधायक विधान उपाध्याय जी तो खुद कार्यक्रम में शामिल होकर शिक्षकों का साथ दिया । शिक्षकों के साथ मिलकर लोगों को खाना खिलाये और लोगों के बीच मास्क बांटे।
द्वितीय चरण में फिर संगठन की ओर से 4 लाख 10 हजार इकट्ठा कर ADM(शिक्षा)-श्री प्रशांत मंडल के हाथों चेक के माध्यम से 'CM Relief Fund' मे जमा कराया गया।
इन 5 महीनों में शिक्षक समाज की ओर से जितना सामाजिक कार्य किया गया उतना पहले कभी भी देखा नहीं गया। शिक्षकों ने जमकर हिस्सा लिया और रात दिन एक कर दी इन सब के लिए । हमारे संगठन के अभिभावक मार्गदर्शक श्री अशोक रूद्र महाशय जी का नाम विशेष रूप से लेना चाहूंगा क्योंकि हर तरह के कार्यक्रम के लिए हमेशा इन्होंने ही प्रेरित किया और सहयोग दिया।
पुरे विश्व के साथ साथ पश्चिम बंगाल के शिल्पांचल मे भी मुसलमानों का पवित्र त्यौहार मुहर्रम पुरी श्रद्धा और अकीदत के साथ मनाया गया।
हालांकि इस साल कोरोना के कारण अन्य सालों की तरह सड़को पर श्रद्धालुयो की भीड़ नहीं दिखा। सरकार के स्वास्थ्य संबंधी नियमों का पालन करते हुए सोशल डिसटेनसिंग का पालन करते हुए ही मुहर्रम मनाया गया।
दरअसल मुहर्रम मुसलमानों के हिजरी कैलेडर के मुताबिक पहला महिना है । यह गम का त्यौहार है । इसी महीने हजरत इमाम हुसैन और हजरत हसन हुसैन को करबला में शहीद कीये जाने की याद मे यह त्यौहार मनाया जाता है।
पश्चिम बंगाल और भारत की गंगा जमनी तहजीब के मुताबिक मुहर्रम के पवित्र त्यौहार मे भी शिल्पांचल के सभी समुदायों के लोगों ने शिरकत करते हैं
- रानीगंज की सामाजिक संस्था व्हायसलेस के सदस्यों द्वारा मुसलसल ऐसी ही मिसाले कायम की जा रही है।
- विदित हो कि इस संगठन की तरफ से रोज़ाना शहर की सडकों पर घुमते कुत्तों को खाना खिलाया जाता है।
- शनिवार को इस संगठन की तरफ से करीब 250 कुत्तों का इलाज कीया गया । संगठन के सदस्यों ने इस कोरोना काल मे भी शहर के विभिन्न इलाकों मे घुम घुम कर जहां भी कीसी बेजुबान को तडपते देखा उसका इलाज कीया गया । इस संदर्भ मे संगठन के अध्यक्ष सौरव मुखर्जी ने कहा कि जब एक बेजुबान जानवर बीमार होता है तो वह किसी को भी अपनी तकलीफ नही बता पाता ।
- इंसान तो अपना इलाज करा सकते हैं मगर यह बेजुबान किससे अपना दर्द साझा करें । इसी वजह से यह बेहद जरुरी है कि जिस तरह इंसान अपनी देखभाल करते हैं उसी तरह इन बेजुबानो की भी मदद की जाएजाए।
यह सब बातों को ध्यान में रखते हुए शनिवार शांति नगर विद्या मंदिर उच्च बालिका विद्यालय और शांति नगर विद्या मंदिर परिवार की ओर से नवम एवं दशम श्रेणी के छात्र छात्राओं को प्राइमरी स्कूल के स्टेट प्रेसिडेंट शांति नगर विद्या मंदिर के स्कूल प्रेसिडेंट अशोक रूद्र की अनुप्रेरणा और सहयोग से 200 बच्चों में शिक्षा और स्वास्थ्य सामग्री वितरण की गई।
इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित थे-अतिरिक्त जिला शासक(शिक्षा)- प्रशांत मंडल, डी आई ऑफ स्कूल( secondary)- अजय पाल, हीरापुर सर्कल(S.I)- अरिजीत मंडल, WBTSTA (district President)- राजीव मुखर्जी, हीरापुर( OC)- सुमेंद्र नाथ, प्रधानाध्यापक, दीपेंदु शाह प्रधानाध्यापक, शैलेंद्र सिंह, शिक्षक मुकेश झा, जयंतो मंडल श्रीकांत दास रथीन मजूमदार इत्यादि।
विद्यालय की प्रधानाध्यापिका देबजानी मुखर्जी ने कार्यक्रम की सफलता के लिए सबों को धन्यवाद दिया और आभार जताया
शुक्रवार पश्चिम बंगाल तृणमूल माध्यमिक शिक्षक समिति (WBTSTA) के द्वारा द्वितीय चरण में कोरोना वायरस की महामारी से लड़ने के लिए
पश्चिम बंगाल सरकार को सहयोग के रूप में 4 लाख 10 हज़ार रुपए का चेक अशोक रूद्र और राजीव मुखर्जी के नेतृत्व में ADM(Education) प्रशांत मंडल के हाथों में सौंपा गया। गौरतलब यह है कि पहले चरण में भी 17 लाख रुपए का चेक इस संगठन के अभिभावक और मार्गदर्शक अशोक रूद्र के हाथों से 'CM Relief Fund' में जमा कराया गया था।
शिक्षक संगठन की ओर से मुख्य रूप से उपस्थित थे- दीपेंदु शाह, नुरुल हसन, सुमित राय, मुकेश झा, शुजात हुसैन, जयंत मंडल, महेश बिंन्द इत्यादि।
फिरोज खान (FK), इंडोयूजी कॉमर्स एंड सोशल काउंसिल (ICSC) के चेयरमैन, ने पश्चिम बंगाल बजट 2026 का स्वागत करते हुए कहा कि यह बजट राज्य के विकास...